AIMIM जिलाध्यक्ष ने पीड़ित परिवार से की मुलाकात
त्रिलोकपुर। सिद्धार्थनगर।
जिले के थाना त्रिलोकपुर क्षेत्र अंतर्गत बिस्कोहर चौकी के ग्राम डेगहर में दबंगों द्वारा की गई बर्बर हिंसा से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है। मामूली से मैच विवाद को लेकर दबंगों ने एक परिवार के घर में घुसकर महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों के साथ बेरहमी से मारपीट की, जिसमें कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हमलावरों ने मारपीट के साथ-साथ घर में लूटपाट भी की।
घटना की जानकारी मिलने पर ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के जिला अध्यक्ष निशात अली अपनी टीम के साथ पीड़ित परिवार के घर पहुंचे और पीड़ितों से मुलाकात कर पूरी घटना की जानकारी ली।
मामूली विवाद से भड़की हिंसा
पीड़ित परिवार के मुखिया कलाम रईनी ने बताया कि
“थोड़े से मैच के विवाद को लेकर हमारे घर पर अचानक हमला कर दिया गया। बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को भी नहीं बख्शा गया। हमला इतना भयावह था कि पूरा परिवार लहूलुहान हो गया और घर में जमकर तोड़फोड़ व लूटपाट की गई।”
पीड़ितों के अनुसार इस हमले में अरुण त्रिपाठी का पूरा परिवार, रामफेर त्रिपाठी का पूरा परिवार, पप्पू त्रिपाठी का पूरा परिवार तथा अभिषेक त्रिपाठी, अंकित त्रिपाठी, अनुप त्रिपाठी और सुमित त्रिपाठी शामिल थे।
कई परिवार गांव छोड़ने को मजबूर, चार गंभीर रूप से अस्पताल में भर्ती
AIMIM टीम द्वारा गांव में की गई पड़ताल में सामने आया कि घटना के बाद दो से अधिक परिवार डर के कारण अपने घर छोड़कर चले गए हैं। चार लोग अस्पताल में भर्ती हैं, जिनकी हालत अत्यंत गंभीर बताई जा रही है।
घायलों में शामिल हैं:
- असलम (18 वर्ष)
- अफसाना (35 वर्ष)
- सलाम (38 वर्ष)
- अशरफ (18 वर्ष)
- रजिया (70 वर्ष)
- अब्दुल कलाम (45 वर्ष)
पुलिस पर निष्क्रियता का आरोप
पीड़ित परिवार ने थाना त्रिलोकपुर में लिखित तहरीर दी है, लेकिन अब तक किसी भी आरोपी के खिलाफ कठोर कार्रवाई नहीं हुई है। उल्टा, आरोप है कि हमलावर खुलेआम पीड़ित परिवार को जान से मारने की धमकी दे रहे हैं और कह रहे हैं कि “हमारा कोई कुछ नहीं कर सकता।”
सबसे चिंताजनक बात यह है कि प्रशासन की ओर से अब तक पीड़ित परिवार को किसी प्रकार की सुरक्षा मुहैया नहीं कराई गई है, जिससे परिवार भय के साये में जीवन जीने को मजबूर है।
AIMIM ने की सुरक्षा व सख्त कार्रवाई की मांग
मौके पर पहुंचे AIMIM जिला अध्यक्ष निशात अली ने घटना की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि
“यह सीधा कानून व्यवस्था पर सवाल है। महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों पर हमला अत्यंत निंदनीय है। प्रशासन को तुरंत पीड़ित परिवार को सुरक्षा देनी चाहिए और दोषियों के खिलाफ कठोर से कठोर कार्रवाई करनी चाहिए, ताकि कानून व्यवस्था की विश्वसनीयता बनी रहे।”
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र न्याय नहीं मिला तो पार्टी आंदोलन का रास्ता अपनाने को बाध्य होगी।
कई नेता व कार्यकर्ता रहे मौजूद
इस अवसर पर हिदायतुल्लाह शम्सी, कारी तय्यब फैज़ी, अनवर खान, सरवर आलम, मुजीब उर रहमान, सैय्यद अज़ीम, सिद्दीक रईनी, महताब सिद्दीकी, शब्बीर खान सहित कई स्थानीय लोग मौजूद रहे।
घटना के बाद पूरे क्षेत्र में भय और आक्रोश का माहौल है। अब देखना यह होगा कि प्रशासन कब तक दोषियों पर कार्रवाई कर पीड़ित परिवार को न्याय और सुरक्षा दिला पाता है।



